सांड जैसी मर्दाना पावर और सेक्स लाइफ का उत्तेजना से परिपूर्ण होगी ये ......

सांड जैसी मर्दाना पावर और सेक्स लाइफ का उत्तेजना से परिपूर्ण होगी ये ......

सेक्स: यह सभी इन्द्रियों का एक सम्पूर्ण व्यायाम है। सेक्स में संतुष्टि एक बहुत ही आवश्यक पहलु है इसके लिए दीर्घ मिलन तो आवश्यक है ही साथ ही दो अवस्थाएं भी आवश्यक हैं, तो आइये जाने कौन सा समय होता है जब बनाये गए शारीरिक सम्बन्ध सबसे प्रभावी होते हैं | अगर सेक्स में मजा न आए और सरकार नियम बना दे कि बच्चे पैदा करने के लिए सेक्स करना जरुरी है तो क्या कोई इस नियम को मानेगा, शायद नही। इसीलिए प्रकृति ने सेक्स मे मजा बना दिया कि हर किसी को आनन्द आये, और सेक्स की भूख भी उम्र के हिसाब से बढ़ती जाए। शारीरिक सम्बन्ध तो मनुष्य की प्रेम-अभिव्यक्ति है, जिसे उपर्युक्त समय और परिवेश में करते रहना चाहिए। प्रेम संबंधों के स्थायित्व की प्रतिभूति है।

1. एक स्वस्थ सेक्स सम्बन्ध के लिए जरूरी है मानसिक शान्ति :

सेक्स के लिए जरुरी है कि आपका मन अच्छा हो और और कोई झुंझलाहट भी न हो , अर्थात सेक्स कोई नशा नहीं है जो कि थकान होने पर या चिड़चिड़ाहट होने पर रिलैक्स होने के लिए कर लिया जाए| बल्कि इसके ठीक उलट शांत मन से किया गया सेक्स रिश्तों के लिए सबसे प्रभावी होता है | ध्यान रहे जिस समय मन पर कोई भी दवाब न हो उस समय किया गया सेक्स हमेशा सकारात्मक और संतुष्टि देने वाला होता है |

2. स्वस्थ शारीरिक दशाओं में ही बनाएं सम्बन्ध :

आदर्श यौन संबंधों के लिए दोनों शरीरों का स्वस्थ होना आवश्यक है , यदि आपका साथी किसी शारीरिक पीड़ा में है, तो उसे सेक्स के लिए विवश न करें | यह आपके संबंधों लिए घातक हो सकता है , आपका साथी यह भी सोच सकता है कि आप उसकी परवाह नहीं करते सिर्फ अपने स्वार्थ की पूर्ति चाहते हैं | एक शोध के अनुसार , साथी के प्रति आपके प्रेम और परवाह सेक्स संबंधों को न सिर्फ मधुर बनाते हैं बल्कि आपके दैनिक जीवन में भी विश्वास और सम्मान का संचार करते हैं |

3. समय चुनें नहीं बनाएं :

ये जरुरी नहीं कि एक ही समय में दोनों ही सेक्स के लिए तैयार हों , यदि आप सेक्स के इच्छुक हैं तो अपने साथी को इसके लिए इच्छुक बनाएं | जैसा कि हमने पहले कहा कि यह दवाब या विवशता से नहीं होना चाहिए| आप पूर्व क्रियाओं ,मधुर संवादों या रोमांटिक फिल्मों और गानो के द्वारा ऐसा कर सकते हैं, सबसे उपर्युक्त समय वही होता है जब दोनों शरीर और मन प्रेमालाप के लिए आतुर हों | हालांकि सेक्स के लिए हर अनुकूलता वाला समय ठीक है फिर भी इन समयों पर किया गया सेक्स आपसी प्रेम और विश्वास को अधिक गहरा करता है |

4. सुबह सुबह उठने से पहले :

इटैलियन शोधकर्ताओं के अनुसार, इस वक्त महिला और पुरुष दोनों में टेस्टोस्टेरॉन का लेवल सबसे उच्च होता है| सेक्स संबंधों के लिए टेस्टोस्टेरॉन पहली आवश्यकता है. सुबह का सेक्स न सिर्फ आपसी मधुरता बढ़ता बल्कि यह शरीर के लिए लिए भी लाभ दायक है, इतना ही नहीं इस समय एक असीम ऊर्जा का संचरण शरीर में होता है. वहीं मानसिक रूप से भी दोनों कहीं उलझे हुए नहीं होते हैं. इस लिहाज से देखा जाए तो सेक्स के लिए इससे बेहतर समय कोई दूसरा नहीं हो सकता.इससे आप पूरे दिन खुश रहते हैं और अन्य कामों में भी रूचि आती है | यह सबसे प्राकृतिक और ताज़ा सम्भोग होता है जिसमें आप अपने शरीर की प्राकृतिक अभिव्यक्तिओं पर बनावटी नियंत्रण नहीं रख पाते

5. छुट्टी वाले दिन शाम को 8 से 10 का समय :

इस समय आप दिन भर के काम सो पूरी तरह मुक्त होते हैं, और सुबह ऑफिस जाने के सिवाय कोई और काम नहीं होता इसलिए इस समय की ड्राइव तनाव रहित माधुर्य पूर्ण होती है

6 रोमांटिक मूवी देखने के बाद:

रोमांटिक मूवी देखने के बाद दोनों की ही शारीरिक और मानसिक आकांक्षाएं एक जैसी हो जाती हैं जिससे, संवेदनाएं प्रबल हो जाती हैं जिससे पारस्परिक सहयोग और आकर्षण बढ़ जाता है, जो न सिर्फ उत्तेजक ऊर्जा देता है बल्कि मानसिक स्वीकृतियां भी बढ़ाता है

7.खुशरंग पारिवारिक मीटिंग के बाद :

आप जब किसी पारिवारिक सम्मलेन में शामिल होते हैं तो आपका ध्यान आपके काम काज से दूर चला जाता है और आप तनाव से मुक्त अपनों से मिलकर एक प्रन्नता के एहसास में आ जाते हैं इसके बाद आपकी भावनाएं व्यक्त होने का माध्यम तलाशती हैं , इसके लिए सेक्स सबसे अच्छा साधन है

8. कोई भी ऐसा अनुकूल समय जब आप अपने पार्टनर को चौंका सकें :

सरप्राइज सेक्स सबसे बेहतरीन तरीका है आपसी प्रेम को बढ़ाने का, जब कभी भी आप अपने साथी से बहुत दिनों के बाद मिलें या किसी व्यस्त कार्यक्रम में से वक्त निकाल कर प्रेम करें , जैसे पत्नी के मायके में या किसी और व्यस्तता में, इस प्रकार के सरप्राइज मिलन रिश्तों में न सिर्फ रोमांचकता बढ़ाते हैं, बल्कि आपके साथी को यह अहसास भी दिलाते हैं कि आप उनके लिए कितने दीवाने हो

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