अश्लील फोटो से ब्लैकमेल कर शादी की, नमाज और गोमांस खाने का बनाया दबाव, युवती ने सुनाई आपबीती

अश्लील फोटो से ब्लैकमेल कर शादी की, नमाज और गोमांस खाने का बनाया दबाव, युवती ने सुनाई आपबीती

बाड़मेर :करीब 9 माह पहले घर से बड़ौदा के लिए रवाना होकर गायब हुई 18 वर्षीय युवती के जम्मू कश्मीर के युवक के साथ शादी रचाने के मामले में नया मोड़ आ गया है। करीब एक माह पूर्व युवती श्रीनगर से वापस बाड़मेर आ गई। शुक्रवार को उसने युवक पर गंभीर आरोप लगाए।

बाड़मेर के एक कैफे में काम करता था युवक

युवती ने बताया कि बाड़मेर के एक कैफे में काम करने वाले जम्मू कश्मीर निवासी गुलजार उसके अश्लील फोटो लेकर ब्लैकमेल कर रहा था। उसे जम्मू कश्मीर बुलाया तो वह डर से वहां चली गई। उसने डरा-धमका कर शादी के झूठे कागजात तैयार करवा लिए। वहां उसे गोमांस खाने, नमाज पढ़ने के लिए दबाव बनाया गया। उसके परिवार के अन्य लोग उस पर गलत नजर रखते थे। जब गुलजार व उसका भाई उसे दुबई में बेचने की तैयारी कर रहा था, इसकी भनक लगने पर वह श्रीनगर से भागकर बाड़मेर आ गई और परिजनों को पूरी आप बीती बताई।

यह है पूरा मामला

महावीर चौक निवासी 18 वर्षीय युवती 16 मार्च 2018 को बाड़मेर से बड़ौदा के लिए बस से रवाना होकर बीच रास्ते में गायब हो गई थी। युवती बीच रास्ते अहमदाबाद में उतरी और फ्लाइट से नई दिल्ली और नई दिल्ली के बाद श्रीनगर पहुंच गई थी। परिजनों ने श्रीनगर के कुपवाड़ा निवासी गुलजार नामक युवक पर अपहरण कर युवती को भगा ले जाने और जबरदस्ती धर्म परिवर्तन करवाकर शादी रचाए जाने के आरोप लगाए थे। इसके बाद कोतवाली थाने में मामला दर्ज करवाया। 38 दिन बाद गुलजार ने फेसबुक आईडी से 24 अप्रैल को वीडियो जारी कर युवती की सहमति से शादी रचाने की बात कही थी। युवती के पिता ने हाईकोर्ट में शादी के लिए बनाए गए दस्तावेजों को चुनौती दी है।

मैं दबाव में थी: पीड़िता

पीड़िता ने बताया कि दो बार बाड़मेर पुलिस श्रीनगर गई थी, लेकिन वहां की पुलिस में गुलजार का भाई नौकरी करता है, उसने मिलने नहीं दिया। तीसरी बार पुलिस गुलजार के घर पर आई और उसके बयान लिए। इससे पहले उसे डराया-धमकाया गया कि उसने उनके पक्ष में बयान नहीं दिए तो उसे जान से मार देंगे। फेसबुक पर जो वीडियो जारी किया, उसे भी दबाव में बयान देकर बनाया और 20 बार एडिट किया गया। उसके निकाह के दस्तावेज फर्जी है।

दुबई में बेचने की तैयारी थी

पीड़िता ने कहा कि नवंबर 2018 में गुलजार और उसके भाई इकबाल के बीच बात करते हुए सुना था। दोनों ने उसे दुबई में बेचकर बड़ी रकम मिलने की बात कर रहे थे। कुछ दिन बाद जब गुलजार ने श्रीनगर में एक कैफे पर नौकरी शुरू की तो उसने गुलजार की जेब से पैसे चुराए और पास के एक ई-मित्र से फ्लाइट का टिकट करवाया। 27 नवंबर को श्रीनगर से अहमदाबाद आ गई। अहमदाबाद पहुंच परिजनों को फोन किया और बाड़मेर आ गई। बाड़मेर आकर परिजनों को आपबीती बताई।

दर्ज मामले में नहीं लगी एफआर

कोतवाली थाने में दर्ज 134/18 प्रकरण में एफआर नहीं लगाई गई है। पुलिस ने बताया कि पूर्व में भी पुलिस ने गुलजार के घर पहुंच युवती के बयान लिए थे, उसमें उसने अपनी इच्छा से गुलजार के साथ आना बताया। इसके बाद मामले में पुलिस एफआर लगाने की तैयारी कर चुकी थी, लेकिन युवती के वापस आने से एफआर को कोर्ट में पेश नहीं किया गया। पुलिस जांच कर रही है। कार्यवाही आगे नहीं बढ़ रही है। जान को भी खतरा है। डरा-धमका कर फर्जी दस्तावेज बनाए है, मामले की उच्च स्तरीय जांच हो, दोषियों को सजा मिले, ताकि कोई बेटी लव जिहाद की शिकार नहीं हो।


Share it
Top