पूरे देश में आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू

पूरे देश में आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू

नई दिल्ली: केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने लोकसभा चुनाव-2019 का एलान कर दिया है. इसी के साथ पूरे देश में तत्काल प्रभाव से आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है. ऐसे में आचार संहिता लागू होने के कारण सरकार नीतिगत निर्णय नहीं ले सकेगी.

आचार संहिता के अनुसार, राज्य सरकार अब नई परियोजनाओं की घोषणा नहीं कर सकती या लोकप्रिय कार्यक्रमों की शुरुआत नहीं कर सकती.

पूरे देश में आज से आचार संहिता लागू हो गई है. इसके उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई होगी.

रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक लाउड स्पीकर पर रोक.

इन सभी पर लगा प्रतिबंध

नए कार्यक्रमों, परियोजनाओं, किसी भी प्रकार की वित्तीय छूट, किसी भी परियोजना की आधारशिला रखना इत्यादि, जिससे पार्टी सत्ता प्राप्त करने के लिए मतदाताओं को लुभा सकती हो, उन सभी पर प्रतिबंध लगा दिया गया है.

इन परियोजनाओं से मतदाताओं को लुभाया जा सकता है

अगर किसी खास सरकारी योजनाओं के लिए बजटीय प्रावधान की पहले ही घोषणा हुई हो, तो भी आचार संहिता लागू रहने तक इसे आगे नहीं बढ़ाया जा सकता क्योंकि इन परियोजनाओं से मतदाताओं को लुभाया जा सकता है.

दे सकती है अनुमति

हालांकि चुनाव समिति बाढ़ व सूखे जैसी स्थिति से निपटने के लिए स्वीकृत योजनाओं को पूरा करने की अनुमति दे सकती है.

नहीं कर सकती स्थानांतरण

सरकार आदर्श आचार संहिता लागू होने के दौरान चुनाव से जुड़े अधिकारी जैसे उपायुक्त, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और निर्वाचन अधिकारियों का स्थानांतरण नहीं कर सकती.

नियुक्ति या पदोन्नति नहीं कर सकती

इस अवधि में बिना चुनाव आयोग के इजाजत के सरकार किसी भी प्रकार की नियुक्ति या पदोन्नति नहीं कर सकती.

तीन जून को समाप्त होगा कार्यकाल

उल्लेखनीय है कि मौजूदा लोकसभा का कार्यकाल तीन जून को समाप्त होगा.

विधानसभा चुनाव के कार्यक्रम की भी घोषणा

सूत्रों के मुताबिक निर्वाचन आयोग लोकसभा चुनाव के साथ ही आंध्र प्रदेश, अरुणाचल, ओडिशा और सिक्किम में प्रस्तावित विधानसभा चुनाव के कार्यक्रम की भी घोषणा कर सकता है.

मुख्य चुनाव आयुक्त करेंगे संवाददाता सम्मेलन

आयोग की ओर से जारी बयान के अनुसार मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा अन्य चुनाव आयुक्तों के साथ संवाददाता सम्मेलन करेंगे.

विधानसभा चुनाव कार्यक्रमों की घोषणा

नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित प्रेस वार्ता में लोकसभा-विधानसभा चुनाव कार्यक्रमों की घोषणा की जा सकती है.

वीवीपैट मशीनें भी लगाई जाएंगी

सूत्रों के अनुसार आगामी अप्रैल और मई में सात से आठ चरणों में लोकसभा की 543 सीटों के लिये चुनाव कराये जाने की संभावना है. मतदान के लिए ईवीएम मशीनों के अलावा वीवीपैट मशीनें भी लगाई जाएंगी.

भाजपा के खिलाफ कई राजनीतिक दल एकजुट

इस चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुन: सत्ता में लौटने की कोशिश करेंगे, तो दूसरी ओर भाजपा के खिलाफ कई राजनीतिक दल एकजुट होकर पार्टी को फिर से सत्ता में आने से रोकने का प्रयास करेंगे.

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